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ऋद्धि, मंत्र और यंत्र

श्लोक 2

ऋद्धि

ॐ ह्रीं अर्हं णमो सिद्धाणं


मंत्र

ॐ ह्रीं श्रीं अर्हं नमो भगवते

विधि

सायंकाल शुद्ध आसन पर बैठकर यंत्र का दर्शन करें। श्लोक-पाठ के अनंतर मंत्र का २७ बार जाप करें। जाप के मध्य मौन रखें।

फल

परंपरा के अनुसार वाणी की शुद्धि और अध्ययन में एकाग्रता। परंपरागत विवरण मात्र।