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‹ मंत्र उपाय
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अग्‍निभय निवारक

मंत्र

कल्पान्तकाल-पवनोद्धत-वह्निल्पं दावानलं ज्वलितमुज्ज्वलमुत्स्फुलिंगम् विश्‍वं जिघत्सुमिव सम्मुखमापतन्तं त्वन्नामकीर्तनजलं शमयत्यशेषम्

मंत्र संख्या
२१ बार
परिणाम
अग्‍नि का भय दूर होता है